🚨 बिहार में रसोइया भर्ती पर बड़ा आदेश: 1 महीने में भरने होंगे सभी पद
Mid Day Meal योजना में नई गाइडलाइन—60 साल से पहले ही नई नियुक्ति अनिवार्य

RxTv BHARAT | पटना | 27 अप्रैल 2026
बिहार सरकार के शिक्षा विभाग ने मध्याह्न भोजन योजना को लेकर सख्त निर्देश जारी कर दिया है।
अब राज्य के किसी भी सरकारी स्कूल में रसोइया-सह-सहायक का पद खाली नहीं रहेगा—खाली रहने पर जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई तय मानी जा रही है।
● 75% नामांकन के आधार पर नियुक्ति
● 60 वर्ष से पहले ही नई भर्ती जरूरी
● 7 दिन में MIS एंट्री अनिवार्य
● देरी होने पर अधिकारियों पर कार्रवाई

📊 कैसे तय होगी रसोइया की संख्या?
निदेशालय के अनुसार अब स्कूलों में रसोइया-सह-सहायक की संख्या छात्र-छात्राओं के कुल नामांकन के 75% के आधार पर तय की जाएगी।
पहले यह सीमा 85% थी, जिसे संशोधित कर कम किया गया है।
⏰ 60 साल से पहले ही नई भर्ती
सरकार ने साफ निर्देश दिया है कि यदि किसी विद्यालय में एक ही रसोइया कार्यरत है,
तो उसकी 60 वर्ष की आयु पूरी होने से एक माह पहले ही नए रसोइया का चयन कर लिया जाए।
👉 इसका मकसद है कि मध्याह्न भोजन योजना एक भी दिन बाधित न हो और बच्चों को नियमित भोजन मिलता रहे।
📲 MIS में एंट्री जरूरी
नए चयनित रसोइया का पूरा विवरण 7 दिनों के अंदर MIS सिस्टम में अपलोड करना अनिवार्य होगा।
कार्य प्रारंभ की तिथि से ही उनके पारिश्रमिक का भुगतान किया जाएगा।
⚠️ खाली पद पर सख्त कार्रवाई
सरकार ने चेतावनी दी है कि अगर एक महीने से अधिक समय तक कोई पद खाली रहता है,
तो संबंधित अधिकारियों पर सीधी कार्रवाई की जाएगी।

📢 सरकार का साफ संदेश
इस फैसले के जरिए सरकार यह सुनिश्चित करना चाहती है कि हर स्कूल में मिड डे मील योजना सुचारू रूप से चले और बच्चों को किसी भी दिन भोजन से वंचित न रहना पड़े।
👉 अब लापरवाही नहीं चलेगी—हर स्कूल में समय पर रसोइया नियुक्त करना अनिवार्य।

